AIIMS गोरखपुर में पूर्णतः डिजिटल पोस्टमार्टम रिपोर्टिंग प्रणाली लागू
गोरखपुर। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान, गोरखपुर के फॉरेंसिक मेडिसिन एवं विषविज्ञान विभाग ने मेडिको-लीगल प्रक्रियाओं में आधुनिक तकनीक को अपनाते हुए मेडलीपर (मेडिको-लीगल इलेक्ट्रॉनिक प्रोसेसिंग एवं रिपोर्टिंग) प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से पूर्णतः डिजिटल पोस्टमार्टम रिपोर्टिंग प्रणाली लागू कर दी है। संस्थान की मोर्चरी में 14 जून 2025 से पोस्टमार्टम सेवाओं के आरम्भ के साथ ही डिजिटल दस्तावेजीकरण व्यवस्था प्रभावी कर दी गई थी, जिससे शुरुआत से ही एक सुव्यवस्थित और मानकीकृत रिपोर्टिंग प्रणाली स्थापित हो सकी।
नई प्रणाली के तहत सभी पोस्टमार्टम परीक्षणों का रिकॉर्ड समय-चिह्नित (टाइम-स्टैम्प्ड) और छेड़छाड़-रोधी (टैम्पर-रेसिस्टेंट) इलेक्ट्रॉनिक प्रारूप में तैयार किया जा रहा है। इससे प्रत्येक रिपोर्ट की प्रामाणिकता सुनिश्चित होती है और बिना अनुमति किसी प्रकार के संशोधन की संभावना समाप्त हो जाती है। डिजिटल रिकॉर्डिंग से साक्ष्यों की विश्वसनीयता मजबूत होती है, जो न्यायिक प्रक्रिया के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
इस व्यवस्था से मेडिको-लीगल अभिलेखों की पूर्ण ट्रेसबिलिटी संभव हो गई है। हर प्रविष्टि का विवरण सुरक्षित रूप से दर्ज होता है, जिससे यह स्पष्ट रहता है कि किस अधिकारी द्वारा कब और क्या जानकारी जोड़ी गई। इससे पारंपरिक कागजी प्रक्रिया में होने वाली संभावित त्रुटियां कम होती हैं और फॉरेंसिक दस्तावेजीकरण की वैज्ञानिक शुद्धता तथा जवाबदेही को मजबूती मिलती है।
मेडलीपर आधारित कार्यप्रणाली के कारण रिपोर्ट तैयार करने की प्रक्रिया अधिक तेज, सुरक्षित और पारदर्शी हो गई है। रिकॉर्ड सुरक्षित डिजिटल प्रणाली में संरक्षित रहते हैं, जिससे अन्वेषण एजेंसियों और न्यायालयों को आवश्यक दस्तावेज समय पर उपलब्ध कराए जा सकते हैं। डिजिटल प्रणाली साक्ष्य श्रृंखला (चेन ऑफ कस्टडी) को भी सुदृढ़ बनाती है, जो आपराधिक न्याय प्रणाली का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
यह पहल राष्ट्रीय डिजिटल शासन और ई-दस्तावेजीकरण अभियानों के अनुरूप है। इस कदम के साथ AIIMS गोरखपुर सरकारी तृतीयक स्वास्थ्य संस्थानों में पूर्णतः डिजिटल पोस्टमार्टम रिपोर्टिंग अपनाने वाले अग्रणी संस्थानों में शामिल हो गया है। संस्थान प्रशासनिक दक्षता, पारदर्शिता और न्यायिक प्रक्रिया में जनविश्वास को मजबूत करने के लिए आधुनिक फॉरेंसिक प्रथाओं को निरंतर आगे बढ़ा रहा है।

No comments