निर्माणाधीन पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय का मंडलायुक्त ने किया निरीक्षण, धीमी प्रगति पर कार्यदायी संस्था को फटकार
गोरखपुर। जनपद गोरखपुर में निर्माणाधीन पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय की प्रगति का जायजा लेने के लिए मंडलायुक्त इन्द्र विक्रम सिंह ने सोमवार को तालनदौर स्थित निर्माण स्थल का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर पहुंचकर परियोजना के तहत चल रहे निर्माण कार्यों की स्थिति देखी और अधिकारियों तथा कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधियों से अब तक हुई भौतिक प्रगति, निर्माण की गुणवत्ता और परियोजना की निर्धारित समयसीमा की जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान मंडलायुक्त ने निर्माणाधीन महाविद्यालय के मॉडल का अवलोकन किया। इसके बाद उन्होंने हॉस्पिटल ब्लॉक और एकेडमिक ब्लॉक का निरीक्षण कर निर्माण कार्य की बारीकियों को देखा। उन्होंने भवनों में इस्तेमाल की जा रही निर्माण सामग्री, अब तक पूरा किए गए कार्य और वर्तमान स्थिति के संबंध में अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली।
धीमी प्रगति पर मंडलायुक्त ने जताई नाराजगी
स्थलीय निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्य की भौतिक प्रगति निर्धारित समयसीमा के अनुरूप अपेक्षाकृत धीमी पाए जाने पर मंडलायुक्त ने नाराजगी जताई। उन्होंने निर्माण खंड-भवन, लोक निर्माण विभाग, गोरखपुर के अधिकारियों और कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधियों को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
मंडलायुक्त ने स्पष्ट कहा कि परियोजना को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा करने के लिए निर्माण स्थल पर पर्याप्त संख्या में श्रमिकों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने श्रमिकों की संख्या बढ़ाने के साथ-साथ निर्माण कार्य की नियमित निगरानी करने पर जोर दिया, ताकि काम की गति में सुधार हो और निर्धारित लक्ष्य समय पर हासिल किया जा सके।
गुणवत्ता से समझौता न करने के निर्देश
मंडलायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि निर्माण कार्य में तेजी लाने के साथ गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि समयसीमा में परियोजना पूरी करना जरूरी है, लेकिन इसके लिए निर्माण की गुणवत्ता, सुरक्षा और तकनीकी मानकों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने निर्माण सामग्री की गुणवत्ता और भवन निर्माण में निर्धारित मानकों के पालन पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। मंडलायुक्त ने कहा कि परियोजना की गुणवत्ता लंबे समय तक बनी रहनी चाहिए, इसलिए निर्माण के प्रत्येक चरण की गंभीरता से निगरानी की जाए।
पशु चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा लाभ
मंडलायुक्त इन्द्र विक्रम सिंह ने कहा कि निर्माणाधीन पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय गोरखपुर के लिए महत्वपूर्ण परियोजना है। इसके पूरा होने से क्षेत्र में पशु चिकित्सा शिक्षा को मजबूती मिलने के साथ पशुओं के उपचार से जुड़ी चिकित्सा सुविधाओं का भी विस्तार होगा।
महाविद्यालय के संचालन से विद्यार्थियों को पशु चिकित्सा विज्ञान के क्षेत्र में शिक्षा और प्रशिक्षण के बेहतर अवसर मिलने की उम्मीद है। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में पशुपालकों को भी बेहतर पशु चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराने में मदद मिल सकती है। ऐसे में परियोजना से जुड़े सभी विभागों और कार्यदायी संस्था को गंभीरता से काम करने की जरूरत है।
एप्रोच सड़क का काम भी जल्द पूरा कराने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान मंडलायुक्त ने महाविद्यालय तक पहुंचने वाली एप्रोच सड़क के निर्माण की भी जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि एप्रोच सड़क का निर्माण कराने वाली कार्यदायी संस्था निर्माण खंड-2, लोक निर्माण विभाग, गोरखपुर के साथ आवश्यक समन्वय स्थापित कर सड़क निर्माण का कार्य भी जल्द पूरा कराया जाए।
उन्होंने कहा कि महाविद्यालय की मुख्य परियोजना के साथ एप्रोच सड़क का निर्माण भी समय से पूरा होना जरूरी है। यदि भवन तैयार होने के बाद पहुंच मार्ग की व्यवस्था पूरी नहीं होगी तो विद्यार्थियों, कर्मचारियों, मरीजों और अन्य लोगों को आवागमन में परेशानी हो सकती है। इसलिए सड़क निर्माण को भी परियोजना का महत्वपूर्ण हिस्सा मानकर तेजी से कार्य कराया जाए।
नियमित निरीक्षण और निगरानी पर जोर
मंडलायुक्त ने कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधियों को निर्देशित किया कि वे नियमित रूप से निर्माण स्थल का निरीक्षण करें और प्रत्येक स्तर पर होने वाले कार्य की प्रगति की निगरानी सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि निर्माण के दौरान किसी भी प्रकार की तकनीकी या प्रशासनिक समस्या सामने आने पर उसे लंबित न रखा जाए।
उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर समस्याओं का तत्काल समाधान कराने के निर्देश दिए, ताकि किसी भी कारण से निर्माण कार्य की गति प्रभावित न हो। साथ ही परियोजना की प्रगति की नियमित समीक्षा करने और निर्धारित लक्ष्यों के अनुसार निर्माण कार्य आगे बढ़ाने को कहा।
समयसीमा में परियोजना पूरी करने पर जोर
मंडलायुक्त ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्माणाधीन पशु चिकित्सा विज्ञान महाविद्यालय की प्रगति पर लगातार नजर रखी जाए। उन्होंने कहा कि परियोजना महत्वपूर्ण है और इसके निर्माण में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। कार्यदायी संस्था को पर्याप्त श्रमिकों की व्यवस्था कर निर्माण कार्य में तेजी लाने तथा निर्धारित समयसीमा में परियोजना पूरी करने के लिए प्रभावी कार्ययोजना के साथ आगे बढ़ने के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी, लोक निर्माण विभाग के अधिकारी और कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि मौजूद रहे। मंडलायुक्त ने सभी अधिकारियों से परियोजना को समयबद्ध तरीके से पूरा कराने के लिए आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा।

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