राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद की बैठक में वेतन भुगतान में देरी का मुद्दा उठा
राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद, गोरखपुर की एक आवश्यक बैठक आज डिप्लोमा इंजीनियरिंग संघ भवन में संपन्न हुई। बैठक की अध्यक्षता क्षेत्रीय अध्यक्ष इंजीनियर राम समुझ ने की, जबकि संचालन महामंत्री मदन मुरारी शुक्ल ने किया। बैठक में पीडब्ल्यूडी के विभिन्न संवर्ग के कर्मचारियों ने समय से वेतन न मिलने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया।
इस विषय पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए परिषद के जिलाध्यक्ष रूपेश कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि शासन और मुख्यमंत्री की मंशा है कि प्रत्येक कर्मचारी को हर हाल में माह की पहली तारीख को वेतन मिले। उन्होंने जिलाधिकारी गोरखपुर से ट्विटर और मीडिया के माध्यम से अपील की कि संबंधित आहरण-वितरण अधिकारियों को निर्देशित करें कि वे समय पर सभी कर्मचारियों का वेतन सुनिश्चित करें।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि आरजीआरएस पोर्टल पर किसी तकनीकी कारण से कुछ कर्मचारियों का वेतन लंबित है, तो संबंधित बाबू या अधिकारी को छोड़ बाकी सभी कर्मचारियों को समय से वेतन मिलना न्यायसंगत है। यदि किसी विभाग में वेतन समय से नहीं दिया गया तो परिषद मुख्यमंत्री को लिखित शिकायत करेगी।
महामंत्री मदन मुरारी शुक्ल ने कहा कि वेतन ही कर्मचारियों का जीवन आधार है। बच्चों की फीस, मकान किराया, दूध, अखबार, बैंक की ईएमआई जैसे खर्च वेतन पर ही निर्भर होते हैं। समय से वेतन न मिलने के कारण कर्मचारियों की सिविल स्थिति खराब हो रही है, जिससे भविष्य में लोन लेने में परेशानी आ रही है। उन्होंने इसे मानवता से जुड़ा विषय बताते हुए सभी विभागों से कर्मचारियों को समय से वेतन देने की अपील की।
बैठक को अशोक पांडेय, पंडित श्याम नारायण शुक्ल, राजेश मिश्रा आदि ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम के अंत में अध्यक्ष राम समुझ ने सभी कर्मचारियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए सभा का समापन किया।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से उपस्थित रहे:
अशोक पांडेय, ई० श्रीनाथ, रूपेश कुमार श्रीवास्तव, गोविंद कुमार श्रीवास्तव, ई० राम समुझ, मदन मुरारी शुक्ल, श्याम नारायण शुक्ल, कृष्ण मोहन गुप्ता, अनूप कुमार, अनिल द्विवेदी, राजेश मिश्र, ई० सौरभ श्रीवास्तव, इजहार अली, राजू रामधनी पासवान सहित अन्य कर्मचारी नेता।
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