• Breaking News

    अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान गोरखपुर में ‘गुणवत्ता यात्रा’ कार्यक्रम का आयोजन

    गोरखपुर। दिनांक 26 फरवरी 2026 को अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान गोरखपुर के सभागार में प्रयोगशाला गुणवत्ता प्रत्यायन के संदर्भ में “गुणवत्ता यात्रा” कार्यक्रम का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य संस्थान की प्रयोगशाला सेवाओं को राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुरूप सुदृढ़ करना और रोगी सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देना रहा।


    संस्थान की निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी मेजर जनरल (डॉ.) विभा दत्ता, सेवा मेडल (सेवानिवृत्त) ने अपने संबोधन में कहा कि प्रयोगशालाओं में उच्च गुणवत्ता सुनिश्चित करना स्वास्थ्य सेवाओं की विश्वसनीयता का आधार है। उन्होंने सभी विभागों से आग्रह किया कि वे गुणवत्ता मानकों को अपनाने में सक्रिय भूमिका निभाएं और संस्थान में गुणवत्ता संस्कृति को निरंतर विकसित करें।


    इस अवसर पर राष्ट्रीय परीक्षण एवं अंशशोधन प्रयोगशाला प्रत्यायन बोर्ड के विशेषज्ञों ने प्रत्यायन प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी। डॉ. अभिषेक शर्मा, सहायक निदेशक (अंशशोधन प्रयोगशालाएं), तथा भारतीय गुणवत्ता परिषद के सहायक प्रबंधक श्री पंकज कुमार ने प्रतिभागियों को प्रयोगशाला प्रत्यायन की प्रक्रिया, वर्ष 2022 के अंतरराष्ट्रीय चिकित्सा प्रयोगशाला मानक, आवश्यक अभिलेख संधारण तथा गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली के विभिन्न पहलुओं से अवगत कराया।


    कार्यक्रम में जैव रसायन विभाग के डॉ. आकाश बंसल, सूक्ष्मजीव विज्ञान विभाग के डॉ. अतुल रुकादिकार तथा रोग विज्ञान विभाग के डॉ. विकास श्रीवास्तव सहित विभिन्न विभागाध्यक्षों, संकाय सदस्यों और गोरखपुर के परामर्शदाता रोग विज्ञान विशेषज्ञों ने सक्रिय सहभागिता की।


    कार्यक्रम के दौरान गुणवत्ता नियंत्रण, आंतरिक एवं बाह्य गुणवत्ता आश्वासन, अभिलेख संधारण तथा सतत गुणवत्ता सुधार प्रक्रियाओं पर विस्तार से चर्चा की गई। विशेषज्ञों ने कहा कि प्रत्यायन केवल प्रमाण पत्र प्राप्त करने की प्रक्रिया नहीं, बल्कि निरंतर सुधार और जवाबदेही की दिशा में एक सशक्त कदम है।


    “गुणवत्ता यात्रा” कार्यक्रम क्षेत्र की प्रयोगशालाओं में गुणवत्ता संस्कृति को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल सिद्ध हुआ। इससे संस्थान की प्रयोगशाला सेवाओं को अधिक विश्वसनीय, पारदर्शी और रोगी हितैषी बनाने में सहायता मिलेगी।

    No comments